समर कैंप मनोरंजन नही ,बच्चों के विकास का प्रभावी मंच — दीवान

-प्राथमिक शाला सोंठी की शिक्षिका द्वारा संचालित निःशुल्क समर कैंप में बच्चों ने सीखे अनेक हुनर
जांजगीर-चांपा
चांपा // ग्रामीण बच्चों की प्रतिभा को निखारने के लिए बम्हनीडीह विकासखंड के प्राथमिक शाला सोंठी की शिक्षिका द्वारा घर पर संचालित निःशुल्क समर कैम्प का समापन रविवार को हुआ।समापन समारोह के अतिथि प्राचार्य एम डी दीवान , बीईओ रत्ना थवाईत , बीआरसी हीरेन्द्र बेहार ,सीएसी सुशील शर्मा रहे।कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की पूजा अर्चना कर किया गया । अतिथियों का स्वागत शिवप्रकाश जायसवाल , ममता जायसवाल द्वारा गुलदस्ता भेंटकर किया गया । इसके पश्चात ममता जायसवाल द्वारा 15 दिवसीय समर कैम्प की गतिविधियाँ बताई गई । अपने सम्बोधन में प्राचार्य एम डी दीवान ने कहा कि समर कैंप केवल मनोरंजन का माध्यम नही है बल्कि बच्चों के सर्वांगीण विकास का एक प्रभावी मंच है।उन्होंने बच्चों को जीवन मे निरंतर सीखने रहने , स्वस्थ जीवन शैली अपनाने और अपनी प्रतिभा को पहचानकर उसे निखारने के लिए प्रेरित किया ।उन्होंने कहा कि गर्मी की छुट्टियों को समर कैम्प के माध्यम से बच्चों को जो सीखने का सुनहरा अवसर ममता जायसवाल दे रही है वह बहुत ही सराहनीय है ।स्वयं के खर्चे से घर पर निःशुल्क समर कैंप लगाकर गांव के बच्चों की प्रतिभा को नया आयाम दे रही है जो सबके लिए प्रेरणादायक है । बच्चों द्वारा बनाये गए बुके से स्वागत पाकर उन्होंने कहा कि ग्रामीण बच्चों में छिपी प्रतिभा को मंच देकर उनका हुनर सामने लाने का काम ममता बखूबी कर रही है।बीईओ रत्ना थवाईत ने कहा कि समर कैम्प में बच्चों ने जो अपनी प्रतिभा का परिचय दिया वह निःसन्देह सराहनीय है । बच्चों में स्वयं से सीखने की कला जागृत हुई है । बीआरसी हीरेन्द्र बेहार ने बच्चों की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि समर कैंप बच्चों में नई ऊर्जा , आत्मविश्वास और रचनात्मकता का संचार करता है ।उन्होंने इस पहल के लिए ममता जायसवाल की खूब प्रशंसा की ओर बच्चों को निरंतर पढ़ाई के साथ साथ कौशल विकास पर भी ध्यान देने को कहा।शिक्षिका ममता जायसवाल ने कहा कि बच्चों के रचनात्मक, बौद्धिक एवं मनोवैज्ञानिक विकास को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से कैम्प संचालित की जाती है । मेरा उद्देश्य स्वस्थ वातावरण में बच्चों की छिपी प्रतिभा को उभारना और उनमें आत्मविश्वास बढ़ाना है । समर कैंप में नृत्य , चित्रकला , स्टोन पेंटिंग , ड्राइंग , कला , पोस्टर निर्माण , मेहदी , रंगोली प्रतियोगिता , कबाड़ से जुगाड़ से अनेक रचनात्मक गतिविधियों का निर्माण , इसके अलावा अनेक जीवन कौशल के हुनर सिखाया गया । सभी गतिविधियों में प्रथम , द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त बच्चों को अतिथियों के हाथों पुरस्कार का वितरण भी किया गया । पुरस्कर पाकर बच्चों में खिलखिलाहट एवं उत्साह दिखा । इसके पश्चात सभी बच्चों को स्वल्पाहार दिया गया ।




