विकासखंड बम्हनीडीह में आयोजित हुई ‘राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी एवं पश्चिम भारत विज्ञान मेला 2026-27’

जांजगीर-चांपा

विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नवाचार और रचनात्मकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विकासखंड बम्हनीडीह में ‘राष्ट्रीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी एवं पश्चिम भारत विज्ञान मेला 2026-27’ का भव्य आयोजन किया गया।यह कार्यक्रम “सतत एवं विकसित भारत के लिए विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार” मुख्य विषय पर केंद्रित रहा।प्रमुख उपविषय एवं प्रस्तुतियाँ प्रदर्शनी के दौरान छात्र-छात्राओं ने विभिन्न आधुनिक और ज्वलंत विषयों पर आधारित अपने एक-से-बढ़कर-एक विज्ञान मॉडल प्रस्तुत किए:शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला देवरी की छात्रा रागिनी सूर्यवंशी एवं पूर्णिमा बरेठ ने वर्षा जल संरक्षण (Rainwater Harvesting) पर आकर्षक मॉडल प्रस्तुत किया।हायर सेकेंडरी सारागांव की छात्रा कुनिका संवरा ने वातावरण सुरक्षा, प्रमिला श्रीवास ने ‘एसिड रेन’ (अम्लीय वर्षा) मॉडल, नेहा देवांगन ने कार्बन चक्र (Carbon Cycle),और हिना यादव ने पादप कोशिका (Plant Cell) की सुंदर प्रस्तुति दी।नवजागृति विद्यालय चांपा के विद्यार्थियों—प्रियांशु दिवाकर,भास्कर पटेल और मोहित केवट ने रिन्यूएबल एनर्जी (अक्षय ऊर्जा) पर आधारित मॉडल का प्रदर्शन किया।नवजागृति विद्यालय चांपा की छात्रा रिचल मिश्रा एवं दीपांशी धृतलहरे ने मानव हृदय के जीवंत (Working) मॉडल के माध्यम से अपनी प्रतिभा दिखाई।अतिथियों और निर्णायकों की गरिमामयी उपस्थिति कार्यक्रम का शुभारंभ और संचालन शिक्षाविदों एवं अधिकारियों के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।कार्यक्रम में BRC श्री एच. के. बेहार ने सभी नन्हे वैज्ञानिकों के मॉडलों का अवलोकन किया और उनकी उत्कृष्ट सराहना की।प्रदर्शनी के सफल संचालन और मूल्यांकन में निर्णायक की भूमिका मनीषा बेबी चौहान,के.बी.गढेवाल, शरद चतुर्वेदी और देव कुमार ने निभाई।इस अवसर पर प्रमुख रूप से राजकुमार शर्मा,धरम दास मानिकपुरी,महेश रत्नाकर एवं अजय दुबे सहित क्षेत्र के कई गणमान्य शिक्षक और नागरिक उपस्थित रहे।




